इन दवाओं ने दिया महंगाई का झटका, नए बैच नंबर के साथ बढ़ी कीमतों के साथ मार्केट में आई दवाएं

कानपुर। कोरोना वायरस ने देश में इस कदर तबाही मचाई कि हर इंसान टूट गया। इतना ही नहीं तबाही के साथ -साथ महंगाई ने लोगों की कमर तोड़ दी। घरेलु चीजों के साथ -साथ दवाओं के बढ़ते दामों ने आम लोगों की जेब पर खासा असर डाला है अब ऐसे में एक बार फिर से कई जरुरी दवाओं के दाम बढा दिए गए है। कोरोना वायरस की सेकेंड वेव में विटामिन सी, जिंक और मल्टी विटामिन दवाओं के साथ आइवरमेक्टिन दवाओं की मांग भी तेजी से बढ़ गई थी। कुछ दवा कारोबारियों ने तो आइवरमेक्टिन का स्टॉक लहर को देखते हुए एडवांस भी मंगा लिया था।

वहीं अब दवा कंपनियां भी दवाओं के रेट बढ़ाने का खेल कर रही हैं। जिन दवाओं के रेट बढ़े हैं। उसमें डायबिटीज की दवा, एंटीबायोटिक, मल्टी विटामिन दवाओं के साथ कुछ लाइफ सेविंग ड्रग भी शामिल हैं। तीन लाइफ सेविग ड्रग के रेट 50 फीसदी तक बढ़ाने के लिए तो नेशनल फार्मास्यूटिकल प्राइसिंग अथारिटी ने ही अनुमति दी है। ऐसा नहीं है कि सिर्फ दवाओं रेट ही बढ़ रहे हैं। थर्मामीटर, नेब्युलाइजर, पल्स ऑक्सीमीटर के रेट में भी बढ़ोत्तरी हुई है। नेबुलाइजर जो पहले रिटेल दुकानदारों को एक हजार रुपए तक में मिल जाता था अब 1200 रुपए तक मिल रहा है। थर्मामीटर के रेट भी 50 फीसदी तक बढ़े हैं।

कोरोना काल में यूज की जाने वाली कई दवाओं के रेट धीरे-धीरे करके कब बढ़ गए यह पता ही नहीं चला। अब इन दवाओं के नए बैच के साथ जब 10 से 30 फीसदी तक बढ़े एमआरपी के साथ दवाएं मेडिकल स्टोर पहुंच रही हैं। तब यह खेल सामने आ रहा है। दरअसल दवा कंपनियों ने अलग-अलग बैच और दवा की अलग अलग डिवीजन के हिसाब से रेट बढ़ाए हैं। दवाओं के रेट बढ़ने के पैटर्न पर गौर करें तो जिन दवाओं की कोरोना काल में सबसे ज्यादा मारामारी थी उनके रेट ज्यादा बढ़ाए गए हैं। ऐसे दौर में जब पेट्रोल, डीजल रसोई गैस सब महंगी हो रही है। इन जरूरी दवाओं का महंगा होना पब्लिक के लिए एक और झटका है।

कौन सी दवा कितनी महंगी

दवा- पुराना रेट- नया रेट-

विटामिन सी- 25- 40 रुपए

डॉक्सीसाइक्लिन-80- 95 रुपए

आइवरमेक्टिन-215-240 रुपए

एजिथ्रोमाइसिन- 210-240रुपए

जिंकोविट-90-105 रुपए

मिथाइलकोबाल इंजेक्शन- 100-113 रुपए

ट्रसिक कफ सीरप- 90- 154 रुपए

जुनोमेट 1000 एमजी-320- 405 रुपए

जीटा प्लस 500एमजी-190 – 220 रुपए

इन लाइफ सेविंग ड्रग्स के रेट बढ़ाए गए-

अलग अलग कंपनियों के प्रति टैबलेट अब रेट-

कारबेमाजिपाइन- 1.02 रुपए से 4.61 रूपए

आईबूप्रोफिन-0.59 रुपए से 1.04 रुपए

रेनेटिडाइन- 1.10 रुपए से 2.43 रुपए

” एनपीपीए ने तीन लाइफ सेविंग ड्रग्स के रेट वन टाइम 50 परसेंट बढ़ाने की अनुमति दी है। यह तीनों बेहद जरूरी दवा हैं। जिनका काफी इस्तेमाल होता है.”

– संजय मेहरोत्रा, चेयरमैन, दि फुटकर दवा व्यापार मंडल

कई दवाओं के रेट बढ़े हैं। नए बैच के साथ बढ़े हुए रेट में ही दवाएं आ रही है। इसमें 10 से 30 फीसदी तक बढ़ोत्तरी हुई है।

– अजय गुप्ता, दवा व्यापारी