रजिस्ट्रार को मिलेंगे 40, 000 मासिक, सीएमई के लिए इलाके बांटे

अम्बाला

हरियाणा स्टेट फार्मेसी काऊंसिल की जनरल बॉडी की बैठक में जहां पानीपत सीएमई का मुद्दा छाया रहा वहीं पुरानी काऊंसिल द्वारा जारी सीएमई प्रमाण पत्रों को 28/3/16 से 31/3/16 तक काऊंसिल द्वारा मान्य कर दिया गया।
पानीपत सीएमई. में काऊंसिल की किरकरी को ध्यान में रखते हुए हरियाणा स्टेट फार्मेसी काऊंसिल के चेयरमैन के.सी. गोियल ने काऊंसिल सदस्यों को ही  दो-दो जिलों की जिम्मेदारी सौंप दी ताकि भविष्य में यदि कोई पचड़ा हो तो सदस्यों पर जिम्मेदारी आए।  काऊंसिल की छवि खराब होने से बच जाए। रजिस्ट्रार हरियाणा स्टेट फार्मेसी काऊंसलि को नियुक्ति के दिन से मासिक वेतन 40,000 रुपये प्रतिमाह मिलेगा। अब तक यह वेतन 25 हजार रुपए मासिक था। इस बार की पगार पिछले अन्तर की बढ़ोतरी के साथ मिलेगी। कार्यकाल नए रजिस्ट्रार की विधीवत नियुक्ती तक होगा।
एक के चक्कर में सबको राहत : करीब दो माह पूर्व एक डीसीओ के पिता के फर्जीप्रमाण पत्र (डी.फार्मा) को राहत देने के चक्कर में सभी काऊंसिल सदस्यों को उनके कार्यक्षेत्र के निवासियों जिनके अनुभव आधार पर डिपलोमा फार्मेसी प्रमाण पत्र बने हैं अपने कागजात संबंधित काऊंसिल सदस्य को जमा करवाएं। शीघ्र ही लंबित मामलों को सुलझाया जाएगा।
किसको क्या मिला राजकुमार वर्मा, अम्बाला, यमुनानगर, सुरेन्द्र शर्मा, करनाल, कुरूक्षेत्र, के.के. शमौ, पानीपत, सोनीपत, अमित नागपाल, रोहतक, झज्जर, पंकज जैन, गुडगांव, धनेश अध्लक्खा, पलवल, फरीदाबार, मेवात, वेद प्रकाश, रेवाड़ी, महेन्द्रगढ़, यशपाल सिंगला, सिरसा, फतेहबाद, सोहन लाल कंसल, हिसार, भिवानी, के.सी. गोयल,  जींद, कैथल, पंचकुला।