दस में से सात दवाइयों के सैंपल फेल

जयपुर

राजधानी में औषधि नियंत्रण संगठन के पूरे तंत्र की मौजूदगी के बावजूद गैर कानूनी दवा कारोबार परवान पर है। दूसरे राज्यों से अमानक दवा और इंप्लांट को यहां गुप्त ठिकानों पर स्टोर कर देश में आपूर्ति की जा रही है। हाल में पकड़े फर्जी दवा कंपनी मामले की परतें खुली तो कई खुलासे हुए। जयपुर की अभय हैल्थ केयर लि. में निर्मित दवाएं ओडिशा में बेची गईं। ओडिशा औषधि नियंत्रण संगठन की मानें तो इनमें अधिकांश नकली व अमानक हैं। कंपनी ने ओडिशा के थोक विक्रेताओं को हिमाचल के फर्जी लाइसेंस भी मुहैया करा रखे हैं।

इस कंपनी के विभिन्न फॉर्मुलेशन के लिए गए 26 में से 10 नमूनों की जांच रिपोर्ट मिली है। इनमें सात नमूने अमानक व एक नकली निकला। वहीं मात्र दो नमूने ही मानकों पर खरे उतरे। यह कंपनी पांच थोक विक्रेताओं के जरिए ओडिशा में दवा बेच रही थी।