राजधानी में राहत – अब डाक्टर सिर्फ इलाज करेंगे

नई दिल्ली

प्रबंधन और प्रशासनिक कार्यों में व्यस्त रहने वाले सरकारी अस्पतालों के वरिष्ठ चिकित्सक अब केवल इलाज करेंगे। दिल्ली सरकार के अस्पतालों में व्यवस्था सुधारने के लिए प्रशासनिक स्तर पर बड़े बदलाव की तैयारी है। इन अस्पतालों में प्रबंधन की जिम्मेदारी एमबीए डिग्री धारक मैनेजर (प्रबंधक) संभालेंगे। जल्द ही सभी अस्पतालों में प्रबंधक और सहायक प्रबंधकों की नियुक्तिकी जाएगी। वहीं वरिष्ठ डाक्टर प्रबंधन और प्रशासनिक कार्यो से मुक्तकिए जाएंगे। वे सिर्फ चिकित्सकीय कार्य करेंगे। दिल्ली राज्य स्वास्थ्य मिशन के तहत सरकार ने 29 अस्पताल प्रबंधकों व 39 सहायक प्रबंधकों की नियुक्तिप्रक्रिया शुरू कर दी है। वे चिकित्सा अधीक्षक को रिपोर्ट करेंगे। दिल्ली सरकार के कुल 34 अस्पताल और एक तिहाड़ जेल का अस्पताल शामिल है। इसके अलावा लारेंस रोड में आंखों का एक छोटा अस्पताल है। इन्हें छोड़ अन्य सभी 29 अस्पतालों में प्रबंधक व सहायक प्रबंधक तैनात किए जाएंगे। लोकनायक, जीबी पंत, जीटीबी, डीडीयू, अंबेडकर, संजय गांधी स्मारक अस्पताल सहित बड़े अस्पतालों में दो सहायक प्रबंधकों की नियुक्तिहोगी। दिल्ली स्वास्थ्य सेवाएं महानिदेशालय के महानिदेशक और दिल्ली राज्य स्वास्थ्य सेवा मिशन के मिशन निदेशक डॉ. तरुण सीम ने कहा कि अस्पतालों में प्रबंधकों व सहायक प्रबंधकों की नियुक्ति एक साल के लिए होगी। इसका मकसद डाक्टरों को प्रशासनिक जिम्मेदारी से मुक्तकरना है ताकि वे दबाव मुक्तहोकर मरीजों के इलाज में अधिक समय दे सकें। प्रयोग सफल होने पर प्रबंधकों व सहायक प्रबंधकों का अनुबंध पांच साल के लिए बढ़ाया जाएगा।

मौजूदा समय में अस्पतालों में मरीजों के इलाज के अलावा प्रबंधन का जिम्मा भी डाक्टर ही संभालते हैं। यही वजह है कि चिकित्सा अधीक्षकों के नीचे कई उपचिकित्सा अधीक्षक और सहायक चिकित्सा अधीक्षक होते हैं। इसके अलावा अस्पतालों में सुरक्षा, साफ-सफाई, रसोई (मरीजों के लिए बनने वाला खाना), दवाओं और उपकरणों की खरीद और स्टोर के प्रभारी भी डाक्टर ही होते हैं। इस कारण कई वरिष्ठ डाक्टर प्रबंधन के कामों में ही व्यस्त होते हैं। साथ ही नर्सिग कर्मचारियों की मदद भी प्रबंधन के कामों में ली जाती है। जबकि अस्पतालों में पहले से ही डाक्टरों और नर्सिग स्टाफ की कमी है। इससे मरीजों का इलाज प्रभावित होता है। इसे ध्यान में रखते हुए दिल्ली के स्वास्थ्य सेवाएं महानिदेशालय ने अस्पतालों में प्रबंधक व सहायक प्रबंधक तैनात करने का फैसला किया है।