केमिस्टों से खफा ड्रग विभाग, एक्शन की तैयारी

रांची (झारखंड): अगर कोई आपसे कहे कि दवा लेने से लोगों की जिंदगी खराब हो रही है तो थोड़ा अटपटा जरूर लगेगा लेकिन धनबाद में बेहिचक यह बात लोगों को कहते-सुनते देखा जा सकता है। क्योंकि यहां बहुत-सी दवाओं का इस्तेमाल नशे के लिए किया जा रहा है। इस कारण ड्रग विभाग ने कई दवाओं की सीधी बिक्री पर रोक लगा दी है लेकिन केमिस्ट मुनाफे के लालच में ड्रग विभाग के आदेशों को किनारे कर धड़ल्ले से नशीली प्रतिबंधित दवाएं बेच रहे हैं।
     दवाओं के लगातार उपयोग के कारण पीएमसीएच के ओपिओइड सब्सटीट्यूशन ट्रीटमेंट (ओएसटी) सेंटर में रोज पांच-छह मरीज गंभीर हालत में पहुंच रहे हैं। धनबाद में हर उम्र और वर्ग के लोग नशीली दवाओं की गिरफ्त में फंसते जा रहे हैं। हालांकि दवा दुकानों पर नियमों की अवहेलना कर बेची जाने वाली ये दवाएं हर किसी को नहीं दी जाती। दुकानदार नए और अनजान चेहरों को इस तरह की दवाएं बिना डॉक्टरी पर्ची के देने से परहेज करते हैं। आलम यह है कि नशे का शिकार लोग खुद प्रतिबंधित इंजेक्शन लगाते देखे जा सकते हैं। केमिस्ट संचालक एक व्यक्ति को कई पत्ते स्पाजमो प्रोक्सीवन प्लस (पेन किलर) कैप्सूल और नींद की दवा अल्फ्राजोलम देने में तनिक भी नहीं सोचते।  प्रतिबंधित फोर्टविन इंजेक्शन भी दवा संचालक इस तरह व्यक्ति को पकड़ा देते हैं जैसे उसने ही चैकअप कर इसके उपयोग की आवश्यकता महसूस की हो।
     कुछ सामाजिक संगठन इस दिशा में गंभीरता से जानकारी जुटा रहे हैं। पता चला है कि औषधि विभाग के कुछ कर्मचारी/अधिकारी दवा दुकानदारों से पूरी तरह खुले हुए हैं जिस कारण दवा विक्रेता धड़ल्ले से इस पवित्र पेशे को बदनाम कर रहे हैं। हालांकि केमिस्ट एसोसिएशनों के पदाधिकारी और कुछ प्रतिष्ठित दवा संचालक अकसर छोटे केमिस्टों से आग्रह करते रहते हैं कि नशीली दवाओं को सीधे बड़ी मात्रा में बेचने से बचें लेकिन कोई खास फायदा जमीन पर नजर नहीं आ। सूत्रों की मानें तो लगातार शिकायतों के चलते औषधि विभाग के वरिष्ठ अधिकारी ऐसे दवा विके्रेता और विभाग के कर्मचारी/अधिकारियों की निगरानी कर रहे हैं जिनके गठजोड़ से जिदंगियां खराब हो रही हैं। देखते हैं एक्शन कब और कितना प्रभावी होता है।

Related Posts

अवैध अस्पताल में जच्चा-बच्चा की मौत,सील किया

बदायूं (यूपी)। अवैध अस्पताल में जच्चा-बच्चा की मौत का मामला सामने आया है। अस्पताल को सील कर दिया गया है। निजी अस्पताल में प्रसूता और उसके शिशु की मौत हो…

Weight Loss दवा की 22 शीशियों को वापस मंगाया

नई दिल्ली। Weight Loss दवा की 22 शीशियां वापस मंगाई गई हैं। सवाल उठ रहे हैं कि आखिर क्यों? एक कंपाउंडिंग फार्मेसी ने अमेरिका से टिरजेपेटाइड इंजेक्शन की 22 शीशियां…

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

You Missed

अवैध अस्पताल में जच्चा-बच्चा की मौत,सील किया

  • By Desk
  • October 22, 2026
  • 5 views
अवैध अस्पताल में जच्चा-बच्चा की मौत,सील किया

Weight Loss दवा की 22 शीशियों को वापस मंगाया

  • By Desk
  • October 22, 2026
  • 6 views
Weight Loss दवा की 22 शीशियों को वापस मंगाया

उन्नत कैंसर उपचार का निर्माण करेगी न्यूसेलियन

  • By Desk
  • October 22, 2026
  • 5 views
उन्नत कैंसर उपचार का निर्माण करेगी न्यूसेलियन

सेक्स संबंध बनाने से पहले खाई शक्तिवर्धक दवा, मौत

  • By Desk
  • October 22, 2026
  • 5 views
सेक्स संबंध बनाने से पहले खाई शक्तिवर्धक दवा, मौत

पांच दवाइयां गुणवत्ता जांच में फेल, 4 कंपनियां ब्लैकलिस्ट

  • By Desk
  • October 22, 2026
  • 4 views
पांच दवाइयां गुणवत्ता जांच में फेल, 4 कंपनियां ब्लैकलिस्ट

FSSAI ने लेबलिंग नियमों के उल्लंघन को लेकर चेतावनी दी

  • By Desk
  • October 21, 2026
  • 11 views
FSSAI ने लेबलिंग नियमों के उल्लंघन को लेकर चेतावनी दी