कोरोना पीडि़त मरीज का इलाज दवाओं से ठीक करने का डॉक्टरों का दावा

जयपुर: विश्व स्वास्थ्य संगठन के मुताबिक़ अब तक कोरोना के इलाज की कोई दवा ईजाद नहीं हुई हैं, लेकिन जयपुर के सवाई मान सिंह अस्पताल में एक अलग तरीक़े के इलाज से इटली की एक महिला को कोरोना से मुक्ति दिलवाने में सफलता हासिल की गई हैं. यहां चिकित्सकों ने कोरोना पोज़िटिव महिला मरीज को मलेरिया, स्वाइन फ़्लू और एड्स में दी जाने वाली दवाओं से भला चंगा कर दिया. इटली की 65 वर्षीया महिला को क़रीब दस दिन पहले उस वक़्त कोरोना पोज़िटिव पाया गया था जब उसके पति को इस बीमारी का संदिग्ध मानकर उसकी जांच पड़ताल की गई थी. दरअसल इटली की ये दम्पत्ति कुल 23 पर्यटकों के दल के साथ 21 फ़रवरी को भारत पहुंचे थे. दिल्ली से सीधे ये पर्यटक झुनझुनू, बीकानेर, जैसलमेर, जोधपुर, उदयपुर होते हुए 28 फ़रवरी की शाम जयपुर पहुंचे थे.तब 69 साल के एक पर्यटक को तबियत ख़राब होने पर 29 फ़रवरी को जयपुर के सवाई मान सिंह अस्पताल में भर्ती करवाया गया था. इस मरीज की कोरोना पोज़िटिव रिपोर्ट आने के बाद जब उसकी पत्नी की जांच की गई तो वो भी कोरोना ग्रसित पाई गई. पूरे राज्य में मचे हड़कम्प के बीच सवाई मान सिंह अस्पताल के प्रोफ़ेसर प्रकाश केसवानी और उनकी टीम ने मरीज़ों का इलाज शुरू किया. इससे पहले सभी चिकित्सकों ने इलाज क्या हो इसे लेकर कई घंटों तक बैठक भी की. कई मेडिकल जर्नलस के पन्ने पलते गए, इंटरनैशनल संदर्भ तलाशे गए और गूगल के ज़रिए इलाज की सम्भावना तलाश की गई. इसके बाद मरीज को स्वाइन फ़्लू और मलेरिया के साथ एच आईवी के उपचार में काम आने वाली दवाओं की डोज़ निर्धारित मात्रा में नियमित रूप से दी जाने लगी. लगातार चौबीस घंटे मरीज़ों की निगरानी में जुटी चिकित्सकों की टीम ने जब इन दवाओं की वजह से मरीज की हालत में सुधार देखा तो उन्हें इस बात की तसल्ली हुई कि इलाज सही दिशा में चल रहा हैं. डाक्टर प्रकाश केसवानी ने बताया कि दवाओं के महज चंद दिनो के इस्तेमाल के बाद ये महिला मरीज़ ख़ुद आसानी से बिना ओकसीजन मास्क के सांस लेने लगी. हमने दवाओं की डोज़ जारी रखी. क़रीब आठ दिन बाद मरीज़ की हालत ठीक होती देख उसकी जांच करवाई गई तो वो कोरोना नेगेटिव पाई गई.
पुष्टि के लिए दूसरी बार भी पूना की लैब में सैम्पल भेजे और वहां से भी नेगेटिव रिपोर्ट मिली. डॉक्टर प्रकाश केसवानी ने बताया कि अब उनके पास देश विदेश से इस मरीज को दी गई दवाओं की जानकारी लेने के लिए फ़ोन और मेल आ रहे हैं. हम सभी को उन दवाओं की डोज़ का पूरा ब्यौरा दे रहे हैं.

Related Posts

अस्पताल के पोस्टमार्टम रूम में शराब पार्टी, डॉक्टर सस्पेंड

पुणे (महाराष्ट्र)। अस्पताल के पोस्टमार्टम रूम में शराब पार्टी का पर्दाफाश हुआ है। पिंपरी-चिंचवड महानगरपालिका के यशवंतराव चव्हाण स्मृति अस्पताल का मामला है। अस्पताल के पोस्टमार्टम रूम में शराब की…

MBBS की फर्जी डिग्री से बने डॉक्टर, 2 धरे गए

जालौर (राजस्थान)। MBBS की फर्जी डिग्री से बने दो डॉक्टर Arrest किए गए हैं। स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप ने इन दोनों मुन्नाभाई एमबीबीएस को पकड़ा है। इनमें से एक आरोपी 8वीं…

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

You Missed

अस्पताल के पोस्टमार्टम रूम में शराब पार्टी, डॉक्टर सस्पेंड

  • By Desk
  • October 17, 2026
  • 4 views
अस्पताल के पोस्टमार्टम रूम में शराब पार्टी, डॉक्टर सस्पेंड

MBBS की फर्जी डिग्री से बने डॉक्टर, 2 धरे गए

  • By Desk
  • October 17, 2026
  • 5 views
MBBS की फर्जी डिग्री से बने डॉक्टर, 2 धरे गए

फार्मा कंपनी के रिएक्टर में ब्लास्ट होने से पांच लोगों की मौत

  • By Desk
  • October 17, 2026
  • 3 views
फार्मा कंपनी के रिएक्टर में ब्लास्ट होने से पांच लोगों की मौत

मेडिकल स्टोर पर लाइसेंस के बिना दवा कारोबार का भंडाफोड़

  • By Desk
  • October 17, 2026
  • 3 views
मेडिकल स्टोर पर लाइसेंस के बिना दवा कारोबार का भंडाफोड़

दवा निर्यात के नियमों में ढील, कंपनियों को मिलेगी राहत

  • By Desk
  • October 17, 2026
  • 5 views
दवा निर्यात के नियमों में ढील, कंपनियों को मिलेगी राहत

बेटे की टांग न कटे इसलिए मां ने जीते जी अपने पांव की हड्डी कटवाई

  • By admin
  • October 16, 2026
  • 17 views
बेटे की टांग न कटे इसलिए मां ने जीते जी अपने पांव की हड्डी कटवाई