नई दिल्ली। हेल्थ सप्लीमेंट बेचने का झांसा देकर लाखों की ठगी की गई है। ऑनलाइन दवाइयां और हेल्थ सप्लीमेंट बेचने के नाम पर गिरोह का पर्दाफाश हुआ। दिल्ली पुलिस ने इस मामले में दो युवकों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों की पहचान हितेन कुमार और आयुष आर्य के रूप में हुई है। इनके दो बैंक खातों में ठगी के 2.66 लाख रुपये का ट्रांजैक्शन ट्रेस किया है। आरोपियों के पास से एक आईफोन भी बरामद हुआ है।
पंजाब के लोगों को बनाया जा रहा था निशाना
आरोपी युवक वेबसाइट के जरिए लोगों को हेल्थ सप्लीमेंट और दवाइयां बेचने का झांसा देते थे। अमृतसर के धर्मवीर सिंह ने शिकायत की थी। उन्होंने इनकी वेबसाइट से सामान खरीदने के लिए करीब 83,257 रुपये ऑनलाइन जमा किए थे। लेकिन उन्हें सामान नहीं मिला। शिकायत के आधार पर साइबर थाने में FIR दर्ज कर जांच शुरू की गई।
10 फीसदी कमीशन पर उपलब्ध कराते थे बैंक खाते
जांच में पुलिस को आयुष आर्य के नाम से SBI का बैंक खाता मिला। इसके बाद उसकी एक महिला मित्र से जुड़े बैंक खाते की भी जांच की गई। दोनों खातों में कुल 2,66,437 रुपये का संदिग्ध ट्रांजैक्शन मिला। पुलिस के मुताबिक, पूछताछ में आयुष ने खुलासा किया कि उसने अपने बैंक खाते और महिला मित्र के बैंक खाते की जानकारी अपने चचेरे भाई हितेन कुमार को 10 फीसदी कमीशन पर दी थी। ठगी की रकम ATM से निकालकर हितेन को सौंप दी जाती थी।
वेबसाइट चलाने वाले की तलाश जारी
हितेन ने पूछताछ में एक अन्य व्यक्ति के बारे में बताया। वह कथित तौर पर फर्जी वेबसाइट चला रहा था। ऑनलाइन बिक्री के नाम पर लोगों से पैसे मंगवाता था। पुलिस अब इस नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की पहचान करने में जुटी है। आरोपियों के पास से बरामद आईफोन में वेबसाइट का लिंक िमला है। इसमें दोनों के बीच हुई वाटसएप चैट मिली है। पुलिस अन्य आरोपियों और संभावित पीड़ितों का पता लगा रही है।





