राजपुर (उप्र)। आयुर्वेदिक लाइसेंस पर एलोपैथिक इलाज करने का भंडाफोड़ हुआ है। ओम पॉलीक्लिनिक एक बार फिर सुर्खियों में है। एडिशनल सीएमओ ने क्लीनिक का निरीक्षण किया। इसमें कई गंभीर अनियमितताएं सामने आईं। उन्होंने बताया कि ओम पॉलीक्लिनिक के खिलाफ शिकायत मिली थी। निरीक्षण के दौरान क्लीनिक में कई मरीज बैठे मिले। उन्होंने स्पष्ट किया कि क्लीनिक का पंजीकरण आयुर्वेदिक/यूनानी विभाग में है। वहां एलोपैथिक दवाएं लिखी जा रही थीं। एक आयुर्वेदिक डॉक्टर एलोपैथिक दवाएं लिखने के लिए अधिकृत नहीं है।
एडिशनल सीएमओ ने क्लीनिक संचालक को तीन दिन का समय दिया है। उन्हें कार्यालय पहुंचकर नोटिस भी जारी किया जाएगा। संचालक से अपेक्षा की गई है कि वे शीघ्र एलोपैथिक में पंजीकरण कराएं। वहीं, एक योग्य एमबीबीएस डॉक्टर की व्यवस्था करें। ऐसा न करने पर क्लीनिक के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। छेड़छाड़ के आरोपों पर बताया कि उन्हें ऐसी घटनाओं की जानकारी मिली है। अभी तक कोई औपचारिक शिकायत प्राप्त नहीं हुई है। शिकायत मिलने पर आवश्यक कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल, स्वास्थ्य विभाग पूरे मामले की जांच में जुटा हुआ है।










