जसूर (कांगड़ा), हिमाचल प्रदेश। आयरन फोलिक एसिड की गोलियां जांच में फेल मिली हैं। कांगड़ा जिले के स्कूलों में इन गोलियों को बांटा गया था। बद्दी स्थित औषधि परीक्षण प्रयोगशाला में जांच में ये गोलियां अमानक मिली। अब स्वास्थ्य विभाग ने दवा वितरण पर प्रतिबंध लगा दिया है। महाराष्ट्र की दवा कंपनी के खिलाफ कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है।
यह है मामला
नूरपुर क्षेत्र के एक निजी स्कूल में आयरन फोलिक एसिड सप्लीमेंट टेबलेट बच्चों को खिलाई गई थीं। खाने के कुछ ही समय बाद 5 विद्यार्थियों की तबीयत बिगड़ गई। विद्यार्थियों को उपचार के लिए अस्पतालों में ले जाया गया। औषधि निरीक्षक प्यार चंद ठाकुर ने संदिग्ध बैच संख्या टीएएफ 25006 एएल की 94,400 गोलियों का स्टॉक सील कर दिया था। इनके सैंपल को जांच के लिए लैब भेजा। जांच रिपोर्ट के मुताबकि सैंपल गुणवत्ता मानकों पर असफल पाया गया। रिपोर्ट मिलने पर पूरा स्टॉक औपचारिक रूप से जब्त कर लिया है। स्वास्थ्य विभाग के अनुसार पालघर (महाराष्ट्र) स्थित निर्माण कंपनी के खिलाफ अदालत में केस दायर किया जाएगा।
सीएमओ डॉ. विवेक करोल ने इस बैच की दवा का वितरण रोकने को कहा है। साथ ही अन्य केंद्रों से भी सैंपल लेकर दोबारा जांच के आदेश दिए हैं। हालांकि, एमडी डॉ. आशीष ने बताया कि इतने लंबे समय बाद इस दवा का प्रभाव शरीर पर नहीं रहता है।










