एसिडिटी की दवा वोनोप्राजान के लिए डॉक्टर की पर्ची जरूरी, सीडीएससीओ ने बदली शर्त; जानें क्या बदला

नई दिल्ली: अगर आप एसिडिटी या पेट में जलन के लिए मेडिकल स्टोर से खुद दवा खरीदकर खाते हैं, तो यह खबर आपके लिए जरूरी है। केंद्रीय औषधि मानक नियंत्रण संगठन (सीडीएससीओ) ने एसिडिटी की दवा वोनोप्राजान की खुदरा बिक्री से जुड़ी शर्त में बदलाव किया है। अब वोनोप्राजान 10 और 20 मिलीग्राम टैबलेट की बिक्री किसी भी पंजीकृत डॉक्टर (रजिस्टर्ड मेडिकल प्रैक्टिशनर) की पर्ची से जुड़ी है।

क्या बदला है?

वोनोप्राजान 10 और 20 एमजी की टैबलेट भारत में पहले से मंजूर है। अगस्त 2025 में सीडीएससीओ की विशेषज्ञ समिति ने इसकी खुदरा बिक्री को डॉक्टर की पर्ची से जोड़ने की शर्त रखी थी। तब यह शर्त थी कि दवा केवल गैस्ट्रोएंटेरोलॉजिस्ट (पेट रोग विशेषज्ञ) की पर्ची पर ही बेची जाए।

बाद में मार्च 2026 में इस शर्त में संशोधन की सिफारिश की गई। अब गैस्ट्रोएंटेरोलॉजिस्ट की जगह किसी भी पंजीकृत डॉक्टर की पर्ची को मान्य किया गया है। इससे मरीजों को यह दवा पाने के लिए जरूरी नहीं कि वे किसी विशेषज्ञ के पास ही जाएं, लेकिन डॉक्टर की पर्ची अब भी जरूरी है।

हर एसिडिटी की दवा पर लागू नहीं

यह ध्यान रखना जरूरी है कि यह शर्त खास तौर पर वोनोप्राजान से जुड़ी है। इसका मतलब यह नहीं है कि एसिडिटी की सभी दवाओं के लिए अब पर्ची अनिवार्य हो गई है।

वोनोप्राजान क्या है?

वोनोप्राजान पेट में एसिड बनने को कम करने वाली दवा है, जिसका इस्तेमाल एसिड से जुड़ी पेट की बीमारियों के इलाज में किया जाता है। यह अपेक्षाकृत नई श्रेणी की दवा है, इसलिए नियामक इसके इस्तेमाल पर नजर रखना चाहता है।

लंबे समय तक एसिडिटी की दवा लेने में सावधानी क्यों?

विशेषज्ञों के अनुसार, बार-बार या लगातार एसिडिटी होना किसी अंदरूनी समस्या का संकेत हो सकता है। ऐसे में सिर्फ दवा लेते रहने के बजाय इसकी असली वजह जानना जरूरी है। लंबे समय तक कुछ तरह की एसिड कम करने वाली दवाएं लेने से कुछ मरीजों में विटामिन बी12 या मैग्नीशियम की कमी जैसी समस्याएं देखी गई हैं। हालांकि हर व्यक्ति को ऐसा हो, यह जरूरी नहीं।

एसिडिटी में क्या करें

  • बार-बार एसिडिटी हो तो खुद से लंबे समय तक दवा न लें, डॉक्टर से जांच कराएं।
  • ज्यादा तला-भुना, मसालेदार भोजन और देर रात खाने से बचें।
  • खाने के तुरंत बाद लेटने से बचें।
  • धूम्रपान और शराब से दूरी बनाएं।
  • सीने में दर्द, निगलने में तकलीफ, वजन कम होना या काला मल आए तो तुरंत डॉक्टर को दिखाएं।

दवा विक्रेताओं के लिए भी यह जरूरी है कि वे वोनोप्राजान केवल वैध पर्ची पर ही बेचें। नियमों का पालन न करने पर औषधि विभाग कार्रवाई कर सकता है।

स्रोत: पीपुल्स अपडेट (28 सितंबर 2026)

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