आगरा (उप्र)। झोलाछाप डॉक्टर को मरीजों को नकली इंजेक्शन लगाते पकड़ा है। औषधि विभाग और पुलिस की टीम ने नगला पेमा में रेड की। 11वीं फेल झोलाछाप को गिरफ्तार कर लिया। मौके से एक लाख की नकली दवाइयां बरामद की हैं। आशंका है कि ये दवाइयां नकली दवा बनाने वाली फर्म से खरीदी गयी थीं। रामा क्लीनिक और रामा मेडिकल स्टोर को सील कर दिया है।
यह है मामला
नगला पेमा में इंजेक्शन और टैबलेट जलाने का वीडियो वायरल हुआ था। औषधि विभाग की टीम ने पुलिस के साथ छापेमारी की। रामा क्लीनिक और रामा मेडिकल पर छापा मारा। टीम ने 11 वीं फेल झोलाछाप को पकड़ लिया और एक लाख के इंजेक्शन और टैबलेट जब्त किए हैं। आशंका है कि ये दवाएं नकली दवा में पकड़ी गईं फर्म से खरीदी गई हैं।
पकड़े जाने के डर से झोलाछाप ने कुछ दवाएं जला दी हैं। तीन दुकानों में रामा क्लीनिक और रामा मेडिकल स्टोर संचालित हो रहा था। सहायक औषधि आयुक्त अतुल उपाध्याय ने बताया कि क्लीनिक में एक तख्त पड़ा हुआ था। इस पर मरीजों को लिटाकर इंजेक्शन लगाए जाते थे। इस्तेमाल किए हुए इंजेक्शन और सिरिंज जब्त किए हैं।
टीम ने 25 वर्ष के शिव सिंह को मौके से पकड़ लिया। पूछताछ में बताया कि 11 वीं फेल है। वह अपने पिता मौहर सिंह के साथ क्लीनिक और मेडिकल स्टोर संचालित कर रहा है। टीम ने मेडिकल स्टोर और क्लीनिक से एक लाख की दवाएं जब्त की हैं। इसमें एंटीबायोटिक इंजेक्शन, टैबलेट, कफ सिरप, मल्टी विटामिन के सिरप हैं।
क्लीनिक और दुकान को सील कर दिया है। नगला पेमा में क्लीनिक के पास ही सिरिंज जलाए गए हैं। जब्त की दवाओं के बैच नंबर से जांच की जा रही है। आरोपी शिव सिंह को टीम ने थाना ताजगंज पुलिस को सौंप दिया और दवाएं सीज की गई हैं।