मुंबई। डाबर इंडिया लिमिटेड ने बॉम्बे हाईकोर्ट को बताया है कि वह जून 2025 से अपने दो टूथपेस्ट उत्पादों के लेबल से एंटी-इंफ्लेमेटरी, एंटी-बैक्टीरियल और एनाल्जेसिक जैसे शब्दों को हटा देगी।
गौरतलब है कि महाराष्ट्र सरकार के खाद्य एवं औषधि प्रशासन (एफडीए) ने डाबर मेसवाक टूथपेस्ट और डाबर हर्ब1 एंटी-बैक्टीरियल टूथपेस्ट तुलसी के लेबल पर किए गए दावों की वैधता के संबंध में चिंता जताई थी। इसमें डाबर को वैधानिक प्रावधानों के अनुपालन को सुनिश्चित करने के लिए अपने टूथपेस्टों के लेबल में संशोधन करने का निर्देश दिया गया था।
उच्च न्यायालय में सुनवाई के दौरान डाबर इंडिया लिमिटेड ने याचिका दायर की। न्यायमूर्ति गिरीश कुलकर्णी और न्यायमूर्ति अद्वैत सेठना की पीठ ने इस बारे में डाबर की अंडरटेकिंग को स्वीकार किया है। इसमें याचिकाकर्ता ने बयान दिया कि वह उत्पाद डाबर मेसवाक टूथपेस्ट और डाबर हर्ब 1 एंटी-बैक्टीरियल टूथपेस्ट तुलसी पर जून 2025 से एंटी-इंफ्लेमेटरी, एंटी-बैक्टीरियल और एनाल्जेसिक शब्द नहीं लिखेंगे।