बेंगलुरु (कर्नाटक)। अवैध प्रवेश के लिए तीन आयुर्वेदिक कॉलेजों पर 3 करोड़ का जुर्माना लगा है। कर्नाटक परीक्षा प्राधिकरण (केईए) से आवंटन पत्र प्राप्त किए बिना छात्रों को प्रवेश दे दिया गयरा। इस पर कर्नाटक उच्च न्यायालय ने तीन आयुर्वेदिक कॉलेजों पर 3 करोड़ रुपये का जुर्माना लगाया है।
दोषी कॉलेज टीएमएई सोसाइटी आयुर्वेदिक मेडिकल कॉलेज एंड हॉस्पिटल शिवमोग्गा, रामकृष्ण मेडिकल हॉस्पिटल एंड रिसर्च सेंटर, येलहंका और अच्युता आयुर्वेदिक मेडिकल कॉलेज, बेंगलुरु हैं। इन पर क्रमश: 1.5 करोड़,, 75 लाख और 75 लाख रुपये जुर्मान लगाया है।
कॉलेजों ने विभिन्न याचिकाओं के साथ उच्च न्यायालय का रुख किया था। इसमें खाली सीटों पर किए गए दाखिलों को मंजूरी देने और उन छात्रों को अपनी पढ़ाई जारी रखने की अनुमति मांगी गई थी। इन कॉलेजों ने ऐसे छात्रों को दाखिला दिया था जो केईए काउंसलिंग के माध्यम से नहीं आए थे। इसलिए ये दाखिले एनसीआईएसएम विनियमों का उल्लंघन हैं। कॉलेज प्रबंधन ने तर्क दिया कि खाली सीटों पर छात्रों का दाखिला उनका मौलिक अधिकार है।










