नई दिल्ली। रेयर ब्लड कैंसर के इलाज की दवा को यूएस एफडीए ने मंजूरी दे दी है। शिल्पा बॉयोलॉजिकल्स और मैबट्री बॉयोलॉजिक्स मिलकर इस दवा को बना रहे हैं। इसका खुलासा होते ही एकाएक इसके शेयर रॉकेट बन गए। यह 6 प्रतिशत से अधिक उछल पड़ा। इस तेजी का कई निवेशकों ने फायदा उठाया।
यह है मामला
शिल्पा बॉयोलॉजिकल्स और मैबट्री बॉयोलॉजिक्स रेयर ब्लड कैंसर के इलाज को लेकर फ्लैगशिप बॉयोलॉजिक दवा पर काम कर रहे हैं। इसे एफडीए ने ऑर्फन ड्रग डेजिनेशन दी है। शिल्पा मेडीकेयर ने खुलासा किया कि यह मंजूरी एसेंशियल थ्रोम्बोसाइथीमिया और पॉलीसाइथीमिया वेरा के इलाज के लिए विकसित की जा रही एक मोनोक्लोनल एंटीबॉडी को दी गई है।
ऑर्फन ड्रग का दर्जा मिलने से कंपनी को नियामकीय और कारोबारी प्रोत्साहन मिलते हैं। इनमें डेवलपमेंट सपोर्ट, टैक्स क्रेडिट्स और पोटेंशियल मार्केट एक्स्क्लूसिविटी शामिल हैं। शिल्पा बॉयोलॉजिकल्स का कहना है कि यह बॉयोलॉजिक एक फस्र्ट-इन-क्लास, इम्यूनोलॉजी आधारित थेरेपी है। इसे रोग की प्रकृति में बदलाव के लिए डिजाइन किया गया है।
मंजूरी के बाद अब दोनों कंपनियों की योजना इंड-एनेबलिंग स्टडीज के जरिए बॉयोलॉजिक को आगे बढ़ाने की है। इससे एसेंशियल थ्रोम्बोसाइथीमिया और पॉलीसाइथीमिया वेरा से पीडि़त मरीजों में पहली बार मानव पर क्लिनिकल परीक्षण शुरू किए जा सकेंगे।










