रतिया, सिरसा (हरियाणा)। क्लीनिक पर नशीली गोलियों व इंजेक्शन की बिक्री का पर्दाफाश हुआ है। एएनसी सेल ने टोहाना रोड स्थित आजाद मार्केट में बने अमर क्लीनिक पर छापेमारी की। यहां डाक्टरी की आड़ में नशीली दवाओं के अवैध कारोबार का पता चला। छापेमारी के दौरान टीम ने क्लीनिक से 3,021 नशीली गोलियां, टैबलेट व इंजेक्शन बरामद किए। क्लीनिक के संचालक तीन डॉक्टरों को काबू किया गया है।
यह है मामला
पुलिस के अनुसार अमर क्लीनिक के बारे में काफी समय से गुप्त सूचनाएं मिल रही थीं। यहां अवैध रूप से नशीली दवाओं का भंडारण कर उन्हें बेचा जाना बताया गया। सूचना की पुष्टि के बाद एएनसी सेल व स्वास्थ्य विभाग ने क्लीनिक पर रेड की। क्लीनिक की गहन तलाशी ली गई। इसमें प्रतिबंधित श्रेणी की नशीली दवाइयों की बड़ी खेप बरामद हुई।
बरामद सामग्री में 1,199 एल्प्राजोलम टैबलेट, 23 डायजेपाम इंजेक्शन, 9 ट्रामाडोल इंजेक्शन मिले। इसके अलावा 860 ट्रिफ्लो एचसीआई टैबलेट तथा 80 लिब्रेरियन प्लस टैबलेट भी मिली हैं। यह सभी दवाइयां कमर्शियल मात्रा में पाई गईं। इन्हें बिना किसी वैध लाइसेंस के अवैध रूप से बेचा जा रहा था। मौके से काबू आरोपियों की पहचान डॉक्टर विनोद शर्मा, अमरजीत तथा नरेश कुमार के रूप में हुई है। तीनों आरोपी अपने पेशे की आड़ में नशीली दवाओं के अवैध कारोबार में संलिप्त थे।
स्वास्थ्य विभाग ने बरामद नशीली दवाओं को कब्जे में ले लिया है। क्लीनिक से संबंधित लाइसेंस, दवाइयों के स्टॉक रजिस्टर व अन्य दस्तावेजों की जांच की जा रही है। इस संबंध में थाना शहर रतिया में आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है। आरोपियों को वीरवार को न्यायालय में पेश किया जाएगा। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि इन नशीली दवाओं की सप्लाई कहां से की जा रही थी।










