नई दिल्ली। केमिस्ट से दवा का पूरा पत्ता खरीदने की मजबूरी खत्म होगी। सरकार ऐसा नियम लाने की तैयारी कर रही है। इसके तहत स्टोर संचालकों को दवा की उतनी ही गोलियां देनी होंगी, जितनी जरूरत हो। यानी अब स्ट्रिप काटकर दवा बेचने की अनुमति दी जा सकती है।

मामले से जुड़े दो वरिष्ठ अधिकारियों ने यह जानकारी दी। इस प्रस्ताव पर दवा नियामक भारतीय औषधि महानियंत्रक की बैठक में चर्चा हो चुकी है। इसे लागू करने की तैयारी की जा रही है। अभी ज्यादातर दवाएं 10 या 15 गोलियों की स्ट्रिप में मिलती हैं। कई बार मरीज को केवल 4-5 गोलियां ही लेनी होती हैं। दवा दुकानदार स्ट्रिप काटकर देने से मना कर देते हैं। ऐसे में मरीज को पूरा पत्ता खरीदना पड़ता है। इससे अतिरिक्त खर्च होता है और दवा भी बेकार जाती है। खासकर महंगी दवा के मामले में। वहां एक स्ट्रिप की कीमत 300 रुपये से अधिक हो जाती है। लोगों की इसी शिकायत को देखते हुए सरकार नियम में बदलाव कर रही है।