आगरा (उप्र)। मेडिकल एजेंसी पर छापेमारी का मामला प्रकाश में आया है। औषधि विभाग की टीम ने नकली दवाओं की बिक्री की शिकायत पर रेड की। यह कार्रवाई फव्वारा चौक स्थित श्री मेडिकल एजेंसी पर की गई। यहां छह घंटे तक रिकार्ड खंगाले। इसमें दवाओं की खरीद-बिक्री के बिल में गड़बड़ी मिली। पेट दर्द, एलर्जी समेत अन्य मर्ज की छह दवाएं संदिग्ध मिली हैं। इनके सैंपल लिए हैं। दवाओं की खरीद-बिक्री पर रोक लगा दी गई है।
यह है मामला
सहायक आयुक्त औषधि अतुल उपाध्याय ने बताया कि नामी कंपनी ने शिकायत की कि उनके ब्रांड की नकली दवाएं कम्मू टोला स्थित श्री मेडिकल एजेंसी पर बेची जा रही हैं। इनमें एंटी एलर्जिक, पेट दर्द और हड्डी रोग की दवाएं शािमल हैं। इस पर औषधि निरीक्षक नवनीत यादव और नीलेश शर्मा के साथ श्री मेडिकल एजेंसी पर छापा मारा। यहां मौके पर संचालक सुरेंद्र गुप्ता मिले।
कंप्यूटर समेत अन्य रिकार्ड की भी जांच की। इनमें गड़बड़ी मिली। भंडारण और बिक्री के रिकार्ड का मिलान किया। इसमें भी भारी अनियमितताएं मिलीं। दवाओं की खरीद-बिक्री के रिकार्ड मांगे तो वह सभी उपलब्ध नहीं करा पाए। इस पर ऑक्सालजिन डीपी की विभिन्न सैंपल के चार सैंपल लिए। ये पेट दर्द की दवा है। सेटिजन टैबलेट एंटी एलर्जिक और प्रीमोल्ट एन टैबलेट हड्डी रोग में उपयोग की जाती है। इन दोनों के एक-एक सैंपल लिए हैं। गड़बड़ी और संदिग्ध दवाओं को देखते हुए दवाओं की खरीद-बिक्री पर रोक लगा दी है। नोटिस देकर बिल के रिकार्ड मांगे गए हैं।










