नई दिल्ली। दवा खरीद घोटाले में पांच फार्मासिस्ट और दो अधिकारी सस्पेंड किए गए हैं। स्वास्थ्य विभाग में केंद्रीय खरीद एजेंसी से जुड़े 650 करोड़ के दवा-उपकरण खरीद घोटाले की जांच जारी है। इस बीच सीपीए स्टोर्स के निरीक्षण में गंभीर अनियमितताएं सामने आई हैं। इसके चलते पांच फार्मासिस्टों और दो अधिकारियों को निलंबित कर दिया है।
जांच में सीपीए के विभिन्न स्टोर्स में दवाओं के भंडारण, रेकार्ड से जुड़े दस्तावेजों का निरीक्षण किया गया। इस दौरान कई स्तर पर गंभीर खामियां सामने आईं। इनमें स्टाक रजिस्टर में विसंगतियां, आपूर्ति और भंडारण रेकार्ड में अंतर मिला। जांच रिपोर्ट पर मुख्यमंत्री के निर्देश पर निलंबन आदेश जारी किया गया। विभागीय स्तर पर स्टोर निरीक्षण अलग से आंतरिक समीक्षा के तहत कराया गया था।
इसका उद्देश्य खरीद और भंडारण प्रणाली में मौजूद खामियों की पहचान करना था। इसी निरीक्षण में बड़े पैमाने पर प्रक्रियागत अनियमितताएं सामने आईं। जांच जारी होने का हवाला हुए उनके नाम सार्वजनिक नहीं किए गए हैं। पूरे प्रकरण में गिरफ्तारी की संभावना व्यक्त की जा रही है।










