जयपुर (राजस्थान) । फार्मा बायोलॉजिकल फर्म पर लेबलिंग और गुणवत्ता मानकों में अनियमितता मिली।
बगरू में फर्म पर खाद्य सुरक्षा विभाग ने यह कार्रवाई की। उत्पादों की लेबलिंग एवं गुणवत्ता से संबंधित अनियमितताएं मिलीं। कुछ उत्पादों पर लाइसेंस नंबर के स्थान पर रजिस्ट्रेशन नंबर पाया गया। यह नियमानुसार त्रुटिपूर्ण है। कुछ फूड सप्लीमेंट्स पर मार्केटिंग फर्म का खाद्य लाइसेंस नहीं िमला। यह फूड सेफ्टी एंड स्टैंडर्ड रेगुलेशंस का उल्लंघन है।
निर्माता ने निर्धारित अवधि में उत्पादों की लैब जांच नहीं कराई थी। कच्चे माल के आयात एवं उपयोग में भी प्रक्रिया का पालन नहीं किया गया। मैसर्स फार्मा बायोलॉजिकल अन्य फर्मों के लिए जॉब वर्क कर रही थी। मल्टी विटामिन B कॉम्प्लेक्स सिरप, मेलाटोनिन टैबलेट एवं आई फिस्ट टैबलेट के लेबल पर लाइसेंस नंबर के स्थान पर रजिस्ट्रेशन नंबर अंकित किया गया था। ग्लूकोज प्लस विटामिन B एवं D2, रेनाडिस्ट फूड सप्लीमेंट एवं प्री बायोटिक कैप्सूल के लेबल पर मार्केटिंग फर्म का खाद्य अनुज्ञा पत्र अंकित नहीं था। यह लाइसेंस एवं रजिस्ट्रेशन ऑफ फूड बिजनेस रेगुलेशन्स, 2011 का उल्लंघन है।
निर्माता ने अपने उत्पादों की प्रत्येक 6 माह में FSSAI द्वारा अधिकृत प्रयोगशाला से जांच नहीं कराई। लगभग 1050 किलोग्राम अवधिपार आयोडाइज्ड नमक एवं 1-1 लीटर के तीन लीची फ्लेवर को मौके पर नष्ट कराया गया। मौके से फूड सप्लीमेंट ‘लिवर डिटॉक्स Auric’ ब्रांड का नमूना लिया गया। इस पर लिवर डिटॉक्स का दावा किया गया है। यह मिसलीडिंग की श्रेणी में आता है।
फूड सप्लीमेंट ‘ग्लूकोज प्लस विटामिन D’ का नमूना लिया गया। फूड सप्लीमेंट ‘प्लेट-एम सिरप’ का नमूना लिया गया। इस पर Anemia, Weakness and Deficiency of Blood Platelets का दावा किया गया है। यह मिसलीडिंग की श्रेणी में आता है। इसके अतिरिक्त काला नमक ‘श्री श्याम’ ब्रांड का नमूना लिया गया। इनकी जांच रिपोर्ट के बाद नियमानुसार कार्यवाही की जाएगी।










