बलिया। जन औषधि केंद्र पर छापेमारी की गई है। केंद्र से 28 प्रकार की बाहरी दवाएं जब्त हुई हैं। विकास भवन रोड स्थित प्रधानमंत्री जन औषधि केंद्र पर ड्रग विभाग ने रेड की। इस दौरान टीम ने केंद्र पर बेची जा रही 28 प्रकार की अन्य कंपनियों की दवाएं जब्त कीं। इनकी अनुमानित कीमत लगभग एक लाख रुपये बताई गई है। यह कार्रवाई आइजीआरएस पर मिली शिकायत पर की गई।
यह है मामला
शिकायत मिली थी कि जन औषधि केंद्र पर सामान्य दुकानों पर बेची जाने वाली दवाएं भी बिक रही हैं। निरीक्षण के दौरान केंद्र पर फार्मासिस्ट सत्येंद्र उपस्थित पाए गए। प्रोपराइटर अलका श्रीवास्तव व नियुक्त फार्मासिस्ट उत्कर्ष सिंह मौके से अनुपस्थित मिले। जांच में सामने आया कि केंद्र पर नियमों के विपरीत अन्य बाहरी कंपनियों की दवाओं का भंडारण किया जा रहा था। उनकी बिक्री भी की जा रही थी।
औषधि विभाग की टीम ने कुल 28 प्रकार की गैर-पीएमबीआइ दवाएं बरामद की। इन दवाओं को तत्काल प्रभाव से विभाग ने अपनी अभिरक्षा में ले लिया। जब्त दवाओं की अनुमानित कीमत लगभग एक लाख रुपये आंकी गई है। संबंधित प्रतिष्ठान में दवाओं की खरीद-बिक्री पर तत्काल प्रभाव से रोक लगा दी है। अधिकारियों के अनुसार संचालक के खिलाफ अग्रिम विधिक कार्रवाई की प्रक्रिया शुरू कर दी है।
डिस्ट्रिक्ट ड्रग इंस्पेक्टर रजत पांडेय ने बताया कि शिकायत के आधार पर यह छापेमारी की गई। केंद्र संचालक से दवाओं के क्रय-विक्रय से संबंधित दस्तावेज मांगे गए हैं। संचालक कोई भी वैध कागज प्रस्तुत नहीं कर सका। जानकारी मिली है कि जन औषधि केंद्र का लाइसेंस धारक देवरिया का निवासी है।










