पन्ना (मध्यप्रदेश)। दवा एजेंसी के सील परिसर से 1.30 करोड़ की दवा जब्त की गई है। यह कार्रवाई सुपरमार्केट स्थित मेसर्स देवनाथ दवा पर की गई। जुलाई में जांच के दौरान सील की गई एजेंसियों और मकानों पर कार्रवाई शुरू हुई। इस दौरान टीम ने एक करोड़ 30 लाख रुपये से अधिक की दवा जब्ती की। जुलाई में देवनाथ फार्मा समेत जिले की दो दवा एजेंसियों में ऑनरेक्स कफ सीरप की खरीद हुई। इस दौरान कफ सीरप की बिक्री और वितरण से संबंधित आवश्यक दस्तावेज उपलब्ध नहीं कराए जा सके थे।

देवनाथ फार्मा में एजेंसी और संबंधित मकान पर ताला लगा मिला। प्रोप्राइटर और मकान मालिक परिवार सहित गायब हो गए थे। इसके बाद परिसर को सील कर दिया गया था। जिले में कफ सीरप की खरीद-बिक्री की जांच की थी। ग्राम कटन की मेसर्स बागरी ड्रग एजेंसी और देवेंद्रनगर की मेसर्स देवनाथ फार्मा की जांच की गई। कफ सीरप की बिक्री संबंधी रिकॉर्ड नहीं दिखाया जा सका।

यही तथ्य पूरे मामले की जांच का प्रमुख आधार बना। देवनाथ फार्मा अपने औषधि लाइसेंस में दर्ज स्थल के बजाय अन्य स्थान से संचालित हो रही थी। जांच दल जब दोबारा पहुंचा तो प्रतिष्ठान पर ताला लगा मिला। मकान मालिक और दुकान संचालक परिवार सहित वहां मौजूद नहीं थे। इसके बाद नियमानुसार परिसर को सील कर दिया गया।