सुपौल। मेडिकल स्टोर में छापेमारी कर नशीली दवाएं जब्त की गई हैं। रेलवे स्टेशन के सामने संचालित रूपेश मेडिकल शॉप पर पुलिस और औषधि विभाग की टीम ने छापेमारी की। यहां अवैध रूप से चल रहे दवा कारोबार का खुलासा किया। नशे में इस्तेमाल होने वाली दवाओं सहित बड़ी मात्रा में औषधियां जब्त की गईं। मामले में संचालक के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर कानूनी प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
यह है मामला
सदर थाना अध्यक्ष राम सेवक रावत को गुप्त सूचना मिली थी। बताया गया कि रूपेश मेडिकल शॉप में प्रतिबंधित और नशीली दवाओं की अवैध बिक्री की जा रही है। सूचना के तहत मौके पर दबिश दी गई। इस दौरान औषधि निरीक्षक मो. सरफराज आलम और पूजा कुमारी भी टीम में शामिल रहे। छापेमारी में दुकान के दस्तावेजों की जांच की गई। जांच में सामने आया कि रूपेश मेडिकल का लाइसेंस वर्ष 2024 में ही रद्द किया जा चुका था। इसके बावजूद दुकान संचालक अवैध रूप से खुदरा दवाओं की बिक्री कर रहा था। छापेमारी के दौरान अल्प्राजोलम और नाइट्राजोलम जैसी नशीली दवाएं भी बरामद हुईं।
इनका दुरुपयोग नशे के रूप में किए जाने की आशंका जताई गई है। अधिकारियों ने दुकान में मौजूद कुछ दवाओं को जब्त कर लिया है। लंबे समय से दुकान बिना वैध अनुमति के संचालित हो रही थी। इस कार्रवाई के बाद शहर में अवैध दवा कारोबारियों में हडक़ंप मच गया है। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि प्रतिबंधित दवाओं की बिक्री के खिलाफ अभियान जारी रहेगा।










