नई दिल्ली। Ovarian Cancer (अंडाशय का कैंसर) एक जानलेवा बीमारी है। हर साल दुनिया भर में लाखों लोग कैंसर की समस्या से पीडि़त होते हैं। अब ये परेशानी युवाओं को भी अपनी गिरफ्त में तेजी से ले रही है। कैंसर का पता लगने के बाद समय पर इसका इलाज कराना जरूरी है। हालांकि इस पूरे प्रॉसेस के दौरान कीमोथेरेपी से गुजरना पड़ता है। ऐसे में ये दवा पूरे शरीर पर असर करती थी। इससे हेल्दी सेल्स को भी नुकसान पहुंचाती थी। अब कैंसर पेशेंट्स के लिए एक अच्छी खबर है। दरअसल में अब एक नई दवा को उतारा गया है। यह केवल कैंसर वाली कोशिकाओं को निशाना बनाती है।

ओवेरियन कैंसर के इलाज में 20 साल बाद एक बड़ी सफलता मिली है. ब्रिटेन की NHS (नेशनल हेल्थ सर्विस) ने Mirvetuximab soravtansine की दवा को मंजूरी दे दी है। डॉक्टरों का मानना है कि ये दवा एडवांस्ड ओवेरियन कैंसर के इलाज में बड़ा बदलाव ला सकती है। इससे मरीजों को कैंसर से जल्दी राहत और बेहतर जिंदगी मिल सकती है। यह दवा उन महिलाओं के लिए है, जिनका कैंसर पुरानी कीमोथेरेपी से ठीक नहीं हो रहा था।

क्या खास है इस दवा में?

यह दवा फोलेट रिसेप्टर अल्फा (FRa) नामक प्रोटीन को पहचानती है। यह कई ओवेरियन कैंसर वाली कोशिकाओं पर पाया जाता है। ये दवा उन कोशिकाओं पर चिपककर अंदर जाती है। इस तरह कैंसर को नष्ट कर देती है। ये दवा हेल्दी सेल्स को कम नुकसान पहुंचाती है। हालांकि यह दवा अभी भारत में उपलब्ध नहीं है। लेकिन इसने कैंसर के मरीजों में एक बड़ी उम्मीद जगा दी है।