हरिद्वार (उत्तराखंड)। इंडियन फार्माकोपिया कमीशन ने दवा निर्माण के नए मानक तय किए हैं। देशभर में आगामी एक जुलाई से यह मानक लागू हो जाएंगे। फार्मा उद्योग से जुड़े इंडस्ट्रलिस्ट को इसके बारे में जानकारी दी जा रही है। हरिद्वार से इसकी शुरुआत हुई।

इंडियन फार्माकोपिया कमीशन (आईपीसी) ने सिडकुल में वैज्ञानिक सम्मेलन में इसकी जानकारी दी। कार्यक्रम में उत्तराखंड के विभिन्न फार्मा उद्योगों के प्रतिनिधियों ने भाग किया। इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य देश के दवा निर्माण क्षेत्र को बढ़ावा देना रहा। साथ ही विश्व के नए मानकों के अनुरूप ही दवा तैयार करना बताया। वहीं दवा उद्योग को नए वैज्ञानिक एवं तकनीकी मानकों की जानकारी देना रहा।

1 जुलाई से लागू होंगे दवाओं के नए मानक

सम्मेलन में दवाओं के उत्पादन की गुणवत्ता को बेहतर बनाने पर चर्चा की गई। विशेषज्ञों ने बदलती आवश्यकताओं के अनुरूप दवाओं में संभावित अशुद्धियों को न्यूनतम स्तर पर लाना आवश्यक बताया। मुख्य अतिथि आईपीसी के निदेशक ने कहा कि आईपी 2026 के नए मानक आगामी 01 जुलाई से देशभर में लागू कर दिए जाएंगे। इसलिए यह कार्यक्रम आयोजित किया गया है।