बीबीएन (हिमाचल प्रदेश)। साइकोट्रॉपिक और ओपिओइड दवाओं का जखीरा बरामद हुआ है। औद्योगिक क्षेत्र बद्दी-नालागढ़ में नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो (एनसीबी) ने बड़ी कार्रवाई की। बद्दी के एक बिना लाइसेंस परिसर में छापेमारी की। नालागढ़ के जगातखाना स्थित फार्मा इकाई और तीन दुकानों पर छापेमारी की। मौके से करीब 25 लाख टैबलेट और 2000 किलो टेपेंटाडोल बरामद किया गया।
यह है मामला
बद्दी स्थित बिना लाइसेंस परिसर और जगातखाना में तीन दुकानों से दवाओं का स्टॉक मिला। बरामदगी में टेपेंटाडोल प्रमुख है। इसका इस्तेमाल दर्द निवारक दवा के रूप में किया जाता है। इसके दुरुपयोग के मामले भी सामने आते रहे हैं। टेपेंटाडोल के इस स्टॉक का संबंध जगातखाना स्थित मैसर्स शारिका बायोटेक से सामने आया है।
संबंधित इकाई के पास टेपेंटाडोल के निर्माण की अनुमति नहीं थी। जांच एजेंसियां अब इसकी जांच में जुटी हैं। संबंधित इकाई पहले भी जांच के घेरे में रही है। इसे फरवरी तक सील रखा गया था। इस वर्ष एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स की टीम भी यहां जांच कर चुकी है। इसके बाद इकाई ने हाल ही में दोबारा उत्पादन शुरू किया था। कार्रवाई के बाद फर्म मालिक को पूछताछ के लिए हिरासत में लिया गया। इस दौरान करीब 25 लाख रुपए नकद भी बरामद किए गए। राज्य औषधि नियंत्रक डा. मनीष कपूर ने कार्रवाई की पुष्टि की है। रिकार्ड की जांच के आधार पर संबंधित निर्माता के खिलाफ नियमानुसार आगामी कार्रवाई की जाएगी।










