गुरुग्राम। नशीली दवा के हिसाब में गड़बड़ी मिली है। इसके चलते 44 मेडिकल स्टोर के लाइसेंस सस्पेंड किए गए हैं। स्टोरों पर नशीली दवाए की खरीद व बिक्री का हिसाब ही गायब मिला।
यह है मामला
खाद्य एवं औषधि प्रशासन (एफडीए) ने गुरुग्राम और नूंह जिले में विशेष अभियान चलाया। इस दौरान 46 मेडिकल स्टोर पर जांच की गई। इनमें नशीली दवा की खरीद-बिक्री के रिकार्ड में अनियमितताएं सामने आई हैं। विभाग ने संबंधित संचालकों को नोटिस जारी कर जवाब मांगा था। जवाब संतोषजनक नहीं मिलने पर 44 स्टोर के लाइसेंस निलंबित कर दिए। वहीं, दो के लाइसेंस निरस्त कर दिए हैं।
कई मेडिकल स्टोर की जांच
जांच के बाद गुरुग्राम जिले के 32 मेडिकल स्टोर के लाइसेंस निलंबित किए हैं। वहीं, नूंह जिले के 12 मेडिकल स्टोर के लाइसेंस निलंबित किए हैं। गुरुग्राम के भोंडसी क्षेत्र में छह और नूंह के पुन्हाना में सात मेडिकल स्टोर पर अनियमितताएं मिलीं। गुरुग्राम के गांव पथरेड़ी स्थित देव मेडिकल स्टोर और ताजनगर स्थित जेबीएम मेडिकोर का लाइसेंस निरस्त किया है। इन दोनों दुकानों पर नारकोटिक सब्सटेंस दवाओं के रिकार्ड में गंभीर अनियमितताएं सामने आई थीं।





