नई दिल्ली। एनपीपीए ने डायबिटीज समेत 23 नई दवाओं की कीमतें तय की हैं। राष्ट्रीय औषधि मूल्य निर्धारण प्राधिकरण (एनपीपीए) ने इस बारे में नोटिफिकेशन जारी किया है। 23 नई दवा संयोजनों की अधिकतम खुदरा कीमत तय की है। विभाग ने इनके पालन को लेकर निर्देश भी जारी किए हैं। मरीजों को दवाएं तय कीमत से अधिक पर न बेची जाएं। इसके साथ ही बाजार में मूल्य निर्धारण भी पूरी तरह पारदर्शी रहे।
एमआरपी से अधिक रेट पर नहीं बेच सकेंगी कंपनियां
अधिसूचना में शामिल कंपनियां नई दवाओं को निर्धारित एमआरपी से अधिक कीमत पर नहीं बेच सकेंगी। कंपनियों को अपनी दवाओं की कीमत तय सीमा के भीतर ही रखनी होगी। दवा निर्माता को अलग-अलग पैक साइज की कीमत प्रावधानों के अनुसार तय करनी होगी। यदि कोई अन्य दवा निर्माता 12 महीने के भीतर बाजार में लॉन्च करता है, तो वह भी तय एमआरपी से अधिक मूल्य नहीं वसूल सकेगा। हालांकि, ऐसी कंपनियों को लॉन्च के एक महीने के भीतर पोर्टल पर दस्तावेज जमा करना अनिवार्य होगा।
एनपीपीए को देश में नियंत्रित थोक दवाओं की कीमतों में संशोधन करने का अधिकार है। वह नियंत्रण मुक्त दवाओं की निगरानी भी करता है। ये दवा नियामक औषधि (मूल्य नियंत्रण) आदेश के प्रावधानों को लागू करता है।










