मुंबई। मलेरिया की खास दवा को विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) ने परमिशन जारी की है। WHO ने पहली बार नवजात और शिशुओं के लिए मलेरिया की दवा को हरी झंडी दी है। इस दवा का नाम ‘आर्टेमेथर-ल्यूमफैंट्रिन’ (Artemether-lumefantrine) है। अब तक छोटे बच्चों को बड़े बच्चों वाली दवाएं ही दी जाती थी। इससे उनके स्वास्थ्य को खतरा रहता था। अब शिशुओं के लिए बनी इस खास दवा से लाखों मासूमों की जान बचाई जा सकेगी।
छोटे बच्चों के लिए खास है यह दवा
अब तक बाजार में नवजात शिशुओं के लिए मलेरिया की दवा नहीं थी। मजबूरी में डॉक्टर बड़े बच्चों वाली दवा ही शिशुओं को देते थे। इसमें रिस्क यह था कि दवा की मात्रा ऊपर-नीचे हो सकती थी। ज्यादा डोज होने पर बच्चों के शरीर पर बुरा असर पड़ सकता था। कम डोज होने पर बीमारी ठीक नहीं होती थी। अब WHO से ‘प्री-क्वालिफिकेशन’ मिला है। मतलब यह है कि यह दवा क्वालिटी, सेफ्टी और असर के मामले में इंटरनेशनल स्टैंडर्ड्स पर खरी उतरी है।










