नई दिल्ली। फार्मा कंपनियों को सरकार ने राहत देने का फैसला किया है। अब सैंपल और एक्सपायर दवाओं पर टैक्स रिफंड मिलेगा। जीएसटी परिषद की 57वीं बैठक में ये फैसला किया गया। जीएसटी काउंसिल ने कारोबारियों को तमाम राहत देने की बात कही। वित्तमंत्री निर्मला सीतारमण के अनुसार अगले वित्तवर्ष से फार्मा कंपनियों को राहत मिलने वाली है। कंपनियों को उनके सैंपल और एक्सपायर दवाओं पर आईटीसी क्लेम का मौका दिया जाएगा। इसका मतलब है कि फार्मा खराब प्रोडक्ट और डॉक्टर्स सैंपल पर भी जीएसटी क्लेम कर सकेंगे।

जीएसटी परिषद ने दवा उद्योग के लिए टैक्स रिफंड व्यवस्था में सुधार के प्रस्तावों को मंजूरी दी थी। इन बदलावों से उद्योग के विनिर्माण, नकदी की उपलब्धता और निर्यात को समर्थन की उम्मीद है। नियमों में ये बदलाव वित्तवर्ष 2027-28 से प्रभावी होंगे।

किस तरह के प्रोडक्ट पर मिलेगी छूट

आईटीसी की सुविधा के लिए कानून के तहत सामान को नष्ट करना अनिवार्य है। डेलॉयट इंडिया के महेश जयसिंह ने कहा कि इस फैसले से भारतीय दवा उद्योग को दोहरा प्रोत्साहन मिला है। आईटीसी की सुविधा से भंडार पर टैक्स का बोझ कम होगा।