तिरुवनंतपुरम (केरल)। नकली कॉस्मेटिक्स के खिलाफ अभियान को कोर्ट से मंजूरी मिल गई है। स्वास्थ्य विभाग के अभियान-‘ऑपरेशन सौंदर्य’- को कोर्ट से मंज़ूरी मिल गई है। राज्य के ड्रग्स कंट्रोल विभाग की अगुवाई में यह पहल शुरू की गई थी। इसका मकसद यह पक्का करना है कि ब्यूटी और स्किनकेयर प्रोडक्ट्स सुरक्षा और क्वालिटी के बुनियादी मानकों को पूरा करते हों।
ये कंपनियां मिली दोषी
कन्नूर के थालीपरम्बा की एक कंपनी ‘हज़ार हज़ार ट्रेडिंग LLP’ को नकली ब्यूटी प्रोडक्ट्स बेचने का दोषी पाया गया। एक और मामले में, पय्यानूर की ‘गल्फ़ी शॉप’ को भी दोषी पाया गया। कोर्ट ने दोनों आरोपियों में हर एक पर 10,000 रुपये का जुर्माना लगाने का आदेश दिया।
नकली ब्यूटी प्रोडक्ट्स की गैर-कानूनी बिक्री रोकने के लिए 2023 में ‘ऑपरेशन सौंदर्य’ शुरू किया गया था। विभाग की जांच में कई अवैध िबक्री के प्रोडक्ट्स मिले थे। कई बार तो वे सीधे तौर पर नुकसानदायक भी थे। ऑपरेशन के पहले दो चरणों में 7 लाख से ज़्यादा कीमत के कॉस्मेटिक्स ज़ब्त किए। इनमें से कई कॉस्मेटिक्स नकली थे या उन पर सही लेबल नहीं थे। उन्हें सुरक्षा नियमों का उल्लंघन करके बनाया गया था।










