जयपुर (राजस्थान)। सीएचसी-पीएचसी में बिजली न होने से लाखों की दवाएं खराब होने का मामला प्रकाश में आया है। बीते साल पीएचसी (पण्डयावाडा, उदयपुर) का उद्घाटन किया गया था। हैरानी की बात है कि यहां बिजली का कनेक्शन नहीं किया गया। यहां कोल्ड चेन नहीं होने से हर साल लाखों की दवाएं और वैक्सीन खराब हो जाती हैं।
एसी और पंखे नहीं होने से डॉक्टर भी नहीं आते। मरीजों को दूर जिला अस्पतालों में जाना पड़ता है। यहां स्टाफ का कहना है कि डॉक्टर नहीं होने से मरीजों को परेशानी होती है।
यह महज एक पीएचसी की समस्या नहीं है। प्रदेश के 80 से अधिक ऐसे अस्पताल हैं जो अंधेरे में चल रहे हैं। कुछ में तो कनेक्शन ही नहीं हैं। कुछ के कनेक्शन बिल नहीं भरने से काट दिए गए। फिर कनेक्शन नहीं किए गए। सबसे खराब स्थिति उदयपुर की है। यहां 24 स्वास्थ्य सेंटर अंधेरे में हैं। अस्पतालों में बिजली नहीं होने से अधिकांश मरीज आते ही नहीं। जो आते ही हैं, उन्हें जिला अस्पतालों में रेफर कर दिया जाता है।










