स्वच्छता में नंबर वन आया एम्स, मिले ढाई करोड़ रुपए

नई दिल्ली। केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने एम्स को देश के सबसे स्वच्छ अस्पताल के खिताब से नवाजा है। आरएमएल अस्पताल के सभागार में आयोजित कार्यक्रम में केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा ने एम्स के निदेशक डॉ. रणदीप गुलेरिया को यह पुरस्कार दिया। इनाम के रूप में मंत्रालय ने एम्स को ढाई करोड़ की पुरस्कार राशि दी। इसके अलावा सफदरजंग अस्पताल को भी 50 लाख की पुरस्कार राशि दी गई। अस्पतालों में स्वच्छता को बढ़ावा देने के लिए शुरू किए गए कायाकल्प अभियान के तहत बेहतर सफाई के लिए केंद्र सरकार ने 11 अस्पतालों को पुरस्कृत किया।
नड्डा ने अस्पतालों में स्वच्छता बरकरार रखने का निर्देश दिया। उन्होंने मंत्रालय द्वारा शुरू की गई एक अन्य योजना ‘मेरा अस्पताल’ का जिक्र करते हुए कहा कि इससे एक हजार अस्पताल जुड़ चुके हैं। इससे अस्पतालों की सुविधाओं के बारे में मरीज अपना फीडबैक दे सकेंगे। केंद्रीय स्वास्थ्य राज्यमंत्री अनुप्रिया पटेल ने कहा कि अस्पतालों में सफाई सिर्फ मरीजों की संतुष्टि के लिए जरूरी नहीं है बल्कि संक्रमण रोकने के लिए भी जरूरी है। बता दें कि आरएमएल अस्पताल व लेडी हार्डिग मेडिकल कॉलेज इस बार स्वच्छ अस्पतालों की सूची में जगह नहीं पा सके।