फार्मा सेक्टर में बना रहेगा प्राइसिंग प्रेशर!

नई दिल्ली। इंडियन फॉर्मास्युटिकल मार्केट की सेकंडरी सेल्स ग्रोथ पिछले 3 महीनों से बेहतर है। दिसंबर से फरवरी तक ग्रोथ 8.1 फीसदी रही लेकिन खासतौर से यूएस में कारोबार करने वाली कंपनियों पर 9 तिमाही से प्राइसिंग प्रेशर बना हुआ है। एक्सपट्र्स का कहना है कि प्राइसिंग प्रेशर अभी जारी रहेगा, जिससे कंपनियों के मुनाफे पर असर दिखेगा। हालांकि फार्मा सेक्टर में दिक्कतों का असर सभी कंपनियों पर नहीं होगा। निवेशकों को स्टॉक स्पेसिफिक रहकर लंबी अवधि के नजरिए से निवेश करना चाहिए। खासतौर से जिनका एक्सपोजर इंडियन मार्केट में ज्यादा है। इंडिया इंफोलाइन के फार्मा एनालिस्ट श्रीकांत अकोलकर का कहना है कि फाइनेंशियल ईयर 2018 के शुरू में ही यूएस जेनेरिक मार्केट में कारोबार करने वाली कंपनियों पर प्राइसिंग प्रेशर शुरू हो गया था, जो अब तक बना हुआ है। मार्केट में कॉम्पिटीशन बढऩे और यूएस गवर्नमेंट की फार्मा मार्केट को लेकर पॉलिसी में बदलाव से कंपनियों को अपने प्रोडक्ट की कीमतें घटानी पड़ी हैं।
यह प्रेशर अभी आगे भी बना रहेगा। ऐसे में जेनेरिक ड्रग पर फोकस करने वाली जिन कंपनियों का रेवेन्यू यूएस मार्केट से ज्यादा आता है, उनके मुनाफे पर असर दिखेगा। हालांकि जिन इंडियन कंपनियों का बेस बड़ा है और उनका बिजनेस मॉड्यूल बेहतर है, उम्मीद है कि वे दबाव हैंडल कर लेंगी। जियोजित फाइनेंशियल सर्विसेज लिमिडेट के हेड इन्वेस्टमेंट स्ट्रैटजिस्ट गौरांग शाह का कहना है कि फार्मा सेक्टर की जितनी भी दिक्कतें हैं, उसे दूर होने में अभी कुछ समय लग जाएगा। हालांकि जिन कंपनियों का एक्सपोजर इंडियन मार्केट में ज्यादा है, उनमें ज्यादा परेशानी नहीं दिख रही है। अच्छे शेयरों में लंबी अवधि के नजरिए से निवेश की सलाह है। वहीं, रेटिंग एजेंसी इंडिया रेटिंग के अनुसार डोमेस्टिक मार्केट में स्टेबल ग्रोथ बना हुआ है। सेल्स ग्रोथ बेहतर है। ओवरऑल न्यू प्रोडक्ट की लॉन्चिंग में भी ग्रोथ है। यूएस और यूरोप के बाजारों में जेनेरिक ड्रग का वॉल्यूम ग्रोथ भी अच्छा है। ऐसे में दबाव के बाद भी लंबी अवधि के लिहाज से सेक्टर का आउटलुक स्टेबल दिख रहा है।
ब्रोकरेज हाउस मोतीलाल ओसवाल की रिपोर्ट के अनुसार दिसंबर से फरवरी के बीच सेकंडरी सेल्स में 8.1 फीसदी ग्रोथ रही है। वहीं, 2 महीनों से वॉल्यूम ग्रोथ स्ट्रॉन्ग बना हुआ है। फरवरी में वॉल्यूम ग्रोथ 6.5 फीसदी रही है। न्यू प्रोडक्ट की लॉन्चिंग 3 से 4 तिमाही से स्टेबल है। इसमें फरवरी में 2.8 फीसदी ग्रोथ रही है।