छोटी फार्मा इकाइयों पर दोहरी मार: कच्चा माल 150% तक महंगा, शेड्यूल-एम अपग्रेड पर करोड़ों का खर्च; उद्यमियों ने मांगी मदद

सिरमौर की छोटी फार्मा इकाइयों पर दोहरी मार: एपीआई, रसायन और पैकिंग सामग्री 40-150% महंगी, संशोधित शेड्यूल-एम के अपग्रेड पर करोड़ों का खर्च। उद्यमियों ने सरकार से वित्तीय और तकनीकी मदद मांगी।

68 प्रतिशत फार्मा में नहीं बन रहीं स्टैंडर्ड क्वालिटी की दवा

नई दिल्ली। दवा का सेवन करने से पहले आप सभी को अलर्ट रहने की जरूरत है। जांच में पाया गया है कि देश में 68 प्रतिशत फार्मा कंपनियों में स्टैंडर्ड…

फार्मा क्षेत्र के एमएसएमई के लिए सरकार की तीन योजनाएं शुरू

नई दिल्ली : सरकार ने फार्मा क्षेत्र में सूक्ष्म, लघु और मझोले उद्यमों (एमएसएमई) को मजबूत करने के लिए तीन योजनाएं शुरू की है। यहां योजनाओं की पेशकश के मौके…

मार्ग और पेटीएम बनाएंगे बिजनेस को आसान

फार्मा और एफएमसीजी क्षेत्र के 50% बाजार पर देश की कंपनी मार्ग ईआरपी ने देश के लघु और मध्यम उद्यमी के लिए मार्ग पे नाम का गेटवे लांच किया है…